


श्रीडूंगरगढ़ 11 अगस्त 2026। क्षेत्र के कांग्रेस नेता हरिराम बाना की अगुवाई में हजारों श्रीडूंगरगढ़वासियों ने गत 5 अगस्त को एक साथ, एक आवाज में ट्रॉमा के अभाव में हो रही मौतों को रोकने की आवाज बुलंद की थी। ट्रॉमा सेंटर निर्माण शुरू करने एवं बीकानेर – श्रीडूंगरगढ़ हाइवे 4 लेन करने की मांग पर किये गए इस एकदिवसीय विरोध प्रदर्शन में प्रशासन ने समझौता करते हुए तुरन्त प्रभाव से श्रीडूंगरगढ़ उपजिला चिकित्सालय में वेंटिलेटर, सोनोग्राफी व जीवन रक्षक उपकरण लगाने, ट्रॉमा के लिए एक अतिरिक्त चिकित्सक एवं 3 डॉक्टर ऑन कॉल उपलब्ध करवाने का लिखित वायदा किया था और इसी वायदे पर आंदोलनकारियों ने प्रशासन को इसके लिए 7 दिन दिया था। लेकिन आज मंगलवार को 6 दिन बीत गए है और अभी तक प्रशासन द्वारा समझौते की पालना में ठोस कदम नहीं उठाये गए है। ऐसी स्थिति पर आंदोलन के अगुवा हरिराम बाना ने आक्रोश जताया है व प्रशासन पर युवाओं में आक्रोश भड़काने का आरोप लगाया है। बाना ने बताया कि हालांकि उपजिला चिकित्सालय में ट्रॉमा आईसीयू वार्ड बना दिया गया है, जहां हर समय ऑक्सीजन, 2 बेड व 2 वेंटिलेटर की व्यवस्था की गई है। लेकिन सोनोग्राफी मशीन अभी तक ठीक नही हुई है व अभी तक ट्रॉमा के लिए अतिरिक्त चिकित्सक की नियुक्ति भी नही की गई है, साथ ही श्रीडूंगरगढ़ हॉस्पिटल में पद स्थापित व दूसरी मनचाही जगहो पर डेपुटेशन लेने वाले 2 डाक्टरो की डेपुटेशन रद्द नहीं की गई है। वहीं दूसरी और श्रीडूंगरगढ़ – बीकानेर हाइवे को 4 लेन बनाने के सबंध में एनएचएआई ने फिजिबल रिपोर्ट तो भेज दी है लेकिन इस पर भी कोई आगे का कदम नहीं उठाया गया है। ऐसे में आमजन में आक्रोश है एंव सरकार को दी हुई चेतावनी अनुसार आगामी 15 अगस्त को राज्यस्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में जयपुर से बीकानेर जाने वाले सभी नेताओं, अधिकारियों को नेशनल हाइवे पर जाम लगा कर रोकने की तैयारी की जा रही है। बाना ने प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा कि अगर प्रशासन सड़को पर संघर्ष चाहता है तो क्षेत्र के युवा इसमें भी पीछे नहीं हटेंगे। प्रशासन समझौते में किये गए वायदे पूरे नहीं करता है तो आगामी 13-14 अगस्त को क्षेत्र में कानून व्यवस्था बिगाड़ने की समस्त जिम्मेदारी प्रशासन की ही होगी।




