श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 3 नवम्बर 2026। लोकतंत्र के पर्व पर मतदान करने गया एक परिवार जब वापस लौटा तो उसके आशियाने की खुशियां आग की लपटों में खाक हो चुकी थीं। गांव कितासर भाटियान की अगुणी रोही में 132 जीएसएस के पास स्थित सवाईराम कामड़ की ढाणी में मंगलवार दोपहर करीब 1.30 बजे अचानक अज्ञात कारणों से आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और ढाणी में बने दो झोपड़ों सहित गृहस्थी का समूचा सामान जलकर राख हो गया। इस अग्निकांड में पशुधन भी बुरी तरह झुलस गया। गनीमत रही कि ढाणी में मौजूद बच्चे समय रहते बाहर निकल आए और कोई जनहानि नहीं हुई।
पानी के अभाव में बेबस रहे ग्रामीण, मिट्टी से बुझाने का प्रयास
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। आग लगने के दौरान आसपास के किसान मौके पर पहुंचे और अपने स्तर पर आग बुझाने के प्रयास शुरू किए। लेकिन बारानी खेत में बनी ढाणी होने के कारण पानी की उपलब्धता नहीं हो सकी। ग्रामीणों ने मिट्टी डालकर आग पर काबू पाने का प्रयास किया, मगर तब तक आग इतनी विकराल हो चुकी थी कि पूरा आशियाना इसकी चपेट में आ गया। ग्रामीणों की आंखों के सामने परिवार की वर्षों की गृहस्थी जलकर राख हो गई।
नगदी, गहने, राशन और पशुधन सब कुछ आग की भेंट चढ़ा
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। पीड़ित सवाईराम कामड़ ने बताया कि आग में ढाणी के दो झोपड़े पूरी तरह जल गए। वहां रखे 20 हजार रुपए नगद, सोने-चांदी के गहने, परिवार के जरूरी दस्तावेज, बर्तन, बिस्तर, कपड़े, राशन सहित गृहस्थी का समूचा सामान राख हो गया। इसके अलावा 10 माच, कूलर, दो बोरी ग्वार और एक क्विंटल मोठ भी जलकर नष्ट हो गए। आग की चपेट में आने से तीन गाय, तीन बछड़े और दो बकरियां झुलस गईं। परिवार पर अचानक आए इस संकट ने उनकी आजीविका और दैनिक जीवन दोनों को प्रभावित कर दिया है।
प्रशासन से मदद की गुहार
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। घटना के बाद ग्रामीणों ने पटवारी सहित प्रशासनिक अधिकारियों को सूचना देकर पीड़ित परिवार को हुए नुकसान का आकलन करवाने और उचित आर्थिक सहायता दिलवाने की मांग की है। मतदान के दिन अपने मताधिकार का प्रयोग करने गए परिवार के लिए यह दिन एक बड़े दुखद हादसे में बदल गया। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को तत्काल राहत प्रदान करने की गुहार लगाई है।




