








श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 28 सितंबर 2026। पितृपक्ष के अवसर पर अपने माता-पिता एंव पितरों की स्मृति में श्रीडूंगरगढ़ निवासी एवं कोलकाता प्रवासी संजय सिखवाल द्वारा वृंदावन धाम में श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है। कथा के तीसरे दिन सोमवार को कथावाचक रामलखन शास्त्री ने विदुर-मैत्रेय संवाद का प्रसंग सुनाते हुए भक्ति, धर्म और आध्यात्मिक ज्ञान का मर्म समझाया। संवाद के विभिन्न प्रसंगों के माध्यम से जीवन में सत्य, सदाचार और ईश्वर के प्रति समर्पण के महत्व को बताया गया।
वहीं कथा में वृत्रासुर के प्रसंग और वृत्रासुर स्तुति का भावपूर्ण वर्णन किया गया। भगवान के प्रति वृत्रासुर की अटूट भक्ति और समर्पण का प्रसंग सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। कथा स्थल पर भक्ति और आध्यात्मिक भाव से वातावरण सराबोर रहा तथा श्रद्धालुओं ने एकाग्रता के साथ कथा का श्रवण किया। इस मौके पर भजनों में श्रद्धालु झूमते रहे।



