श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 6 नवंबर 2026। पंचायती राज चुनावों के परिणामों में श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र से महिला नेतृत्व की कई प्रेरक तस्वीरें सामने आई हैं। कहीं राजस्थान पुलिस में सेवारत पति की पत्नी सरपंच बनी है तो कहीं सामान्य श्रेणी की सीट पर ओबीसी महिला ने जीत दर्ज कर ग्रामीण राजनीति में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई है। पुंदलसर में महज 21 वर्ष की विद्याकंवर के सरपंच बनने से युवा महिला नेतृत्व की नई तस्वीर सामने आई है।
पति पुलिस में, पत्नी बनी सरपंच
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। ग्राम पंचायत सांवतसर में सरपंच चुनाव का एक रोचक परिणाम सामने आया है। यहां निवर्तमान सरपंच धूड़ाराम विश्नोई के पुत्र महीराम के बाद अब उनके परिवार की पुत्रवधू कविता सुशील विश्नोई सरपंच निर्वाचित हुई हैं। कविता के पति सुशील कुमार राजस्थान पुलिस में जवान हैं और वर्तमान में बीकानेर में ट्रैफिक पुलिस में सेवाएं दे रहे हैं। पुलिस सेवा में कार्यरत पति की पत्नी के सरपंच बनने पर ग्रामीणों ने कविता को बधाई दी। सांवतसर में एक ही परिवार से लगातार दो सदस्यों का नेतृत्व से जुड़ना भी चर्चा का विषय रहा।
सामान्य सीट पर मातृशक्ति ने दर्ज की जीत
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। पंचायती राज चुनावों में महिला आरक्षित सीटों पर महिलाओं की भागीदारी स्वाभाविक रूप से अधिक रहती है, लेकिन सामान्य श्रेणी की सीटों पर महिला प्रत्याशियों की जीत ग्रामीण राजनीति में महिला नेतृत्व के विस्तार का संकेत देती है। ग्राम पंचायत लिखमीसर उत्तरादा में सामान्य श्रेणी की सीट पर ओबीसी महिला सुमनदेवी भुवांल ने जीत हासिल कर सरपंच पद संभाला है। वहीं उपसरपंच पद पर नौरादेवी गिला निर्वाचित हुई हैं। गांव के शिक्षित वर्ग ने महिला प्रतिनिधियों के चयन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए इसे ग्रामीण नेतृत्व में मातृशक्ति की भागीदारी का सकारात्मक उदाहरण बताया।
महज 21 वर्ष की विद्याकंवर ने थामी पुंदलसर की कमान
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। ग्राम पंचायत पुंदलसर में नवनिर्वाचित सरपंच विद्याकंवर पुत्री मेघसिंह ने महज 21 वर्ष की उम्र में सरपंच पद पर जीत हासिल कर क्षेत्र में युवा नेतृत्व की नई तस्वीर प्रस्तुत की है। ग्रामीण राजनीति में जहां अनुभवी जनप्रतिनिधियों का दबदबा रहता है, वहीं विद्याकंवर की जीत ने युवाओं और विशेषकर बालिकाओं में उत्साह का संचार किया है। क्षेत्र की बालिकाएं आरएएस, आरजेएस सहित विभिन्न प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाओं में अपनी प्रतिभा साबित कर रही हैं। ऐसे में विद्याकंवर का ग्रामीण नेतृत्व की जिम्मेदारी संभालना महिला सशक्तिकरण की दिशा में प्रेरक संदेश है। गांव के शिक्षित वर्ग ने विद्याकंवर को शुभकामनाएं देते हुए उम्मीद जताई कि युवा सोच और जनभागीदारी से पुंदलसर के विकास को नई दिशा मिलेगी। वहीं उपसरपंच भी कमला कंवर चुनी गई और गांव का नेतृत्व पांच साल के लिए महिला शक्ति को सौंपा गया है।