






श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 3 जुलाई 2026। आचार्य तुलसी की 30वीं पुण्यतिथि पर शुक्रवार को सेवा केंद्र मालू भवन में सेवा केंद्र व्यवस्थापिका साध्वी लक्ष्यप्रभा जी के सान्निध्य में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में संघीय संस्थाओं के पदाधिकारियों एवं अनेक श्रावक-श्राविकाओं ने भाग लेकर आचार्य तुलसी के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट की। सभा में साध्वी लक्ष्यप्रभाजी ने कहा कि आचार्य तुलसी एक महान साधक, दूरदर्शी संत एवं युगदृष्टा थे, जिन्होंने तेरापंथ धर्मसंघ को विश्व स्तर पर नई पहचान दिलाई तथा समाज को अनेक रचनात्मक आयाम प्रदान किए। उन्होंने कहा कि आचार्य तुलसी का संपूर्ण जीवन मानवता के कल्याण, नैतिक मूल्यों और आत्मविकास के लिए समर्पित रहा। श्रावक व श्रद्धालु आज भी आचार्य से प्रेरणा लेकर मानव कल्याण के पथ पर अग्रसर हो सकता है।
इससे पहले तेरापंथ महिला मंडल की नीतू बोथरा द्वारा मंगलाचरण से कार्यक्रम प्रारंभ हुआ। श्रीजैन श्वेतांबर तेरापंथी सभा के मंत्री प्रदीप पुगलिया, तेरापंथ युवक परिषद के सहमंत्री सुमित बरड़िया तथा श्रावक समाज के मोहनलाल सेठिया ने अपने वक्तव्यों एवं गीतिकाओं के माध्यम से आचार्य तुलसी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला। महिला मंडल की ओर से सामूहिक गीतिका प्रस्तुत की गई। कार्यसमिति सदस्य मंजू झाबक एवं सम्पत देवी मालू ने भी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए अपने विचार व्यक्त किए। साध्वी पुनीतप्रभा जी, दीपयशा जी, सम्पतप्रभा जी एवं नव्यप्रभा जी ने प्रवचन एवं गीतिका प्रस्तुत की। वहीं साध्वी नव्यप्रभा जी, उन्नतप्रभा जी, युक्तिप्रभा जी, सात्विकप्रभा जी एवं प्राज्ञप्रभा जी ने सामूहिक गीतिका के माध्यम से अपनी भावनाएं व्यक्त की। तेरापंथ महिला मंडल की मंत्री अंबिका डागा ने महिला मंडल की साधारण बैठक, श्री उत्सव एवं तत्त्वज्ञान कार्यशाला की जानकारी दी। कार्यक्रम का संचालन करते हुए महिला मंडल की उपाध्यक्ष मधु झाबक ने सभी का आभार जताया।




