







श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स 22 जून 2026। मुख्य बाजार में स्थित भारती कोचिंग एंड डिफेंस एकेडमी में बीएसटीसी में सफल अभ्यर्थियों का फूलमाला व साफा पहना कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि वरिष्ठ एडवोकेट श्यामसुदंर आर्य ने बच्चों को वास्तविक जीवन को समझने व जीवन में गुणी बनने की प्रेरणा दी। आर्य ने शिक्षा के मार्ग पर अनुशासन व धैर्य के साथ चलकर अपने जीवन को सफल बनाने की बात कही। आर्य ने विद्यार्थियों को अपने जीवन के एक दो प्रसंगो का उल्लेख करते हुए युवाओं को नशे से दूर रहने की प्रेरणा दी। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स की संपादक कपिला स्वामी ने युवाओं को मोबाइल फोन का उपयोग स्वयं के विकास के लिए करने की बात कही। स्वामी ने युवा वर्ग को अपनी जरूरतों के लिए संयम बरतने व अपने जीवन की जिम्मेदारी स्वयं उठाने के लिए प्रयास करने की बात कही। विशिष्ट अतिथि व्याख्याता रामप्रताप जाखड़ ने अभ्यर्थियों को अपने लक्ष्य का स्पष्ट निर्धारण कर उसे हासिल करने के पथ पर अग्रसर होने की प्रेरणा दी। शिक्षाविद सीमा भोजक ने युवा वर्ग को संस्कार व अपने परिजनों के सम्मान के अनुसार जीवन पथ पर आगे बढ़ने की बात कही। शिक्षाविद राज सर ने कार्यक्रम का संचालन करते हुए युवाओं को अपने ध्यान को अपने लक्ष्य पर केंद्रित करने व उसके प्रति समर्पित करने की बात कही। इससे पहले सरस्वती पूजन के साथ कार्यक्रम प्रारंभ किया गया। एकेडमी के निदेशक केआर फौजी ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए आभार जताया। उन्होंने कहा कि श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र की प्रतिभाओं को अब कहीं दूर जाकर अपने समय व धन नहीं लगाकर अपने क्षेत्र में ही प्रशिक्षित फैकल्टी के साथ क्वालिटी अध्ययन करते हुए भारती निकेतन कोचिंग एंड एकेडमी के साथ अपनी सफलता को स्वर्णिम बना सकते है। इस दौरान एकेडमी के स्टाफ को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में एकेडमी के सभी विद्यार्थी शामिल हुए।
जीवन की राह पुस्तक का किया विमोचन।
श्रीडूंगरगढ़ टाइम्स। शिक्षाविद् व लेखिका सीमा भोजक की स्वरचित पुस्तक “जीवन की राह” का विमोचन किया गया। एडवोकेट श्याम सुदंर आर्य, पत्रकार कपिला स्वामी, शिक्षाविद् रामप्रताप जाखड़ व राज सर ने सीमा भोजक को शुभकामनाएं दी। सीमा भोजक ने पुस्तक के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि ये वास्तविक जीवन की सच्चाइयों से जुड़ी हुई रचनाएं है, जिन्हें पढ़कर पाठक स्वयं को उनसे जुड़ा महसूस करेगा। भोजक ने अतिथियों को पुस्तक भेंट दी।







